जानिए क्या हैं लहसुन खाने के फायदे और नुकसान?

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लहसुन खाने के फायदे

लहसुन स्वास्थ्य के लिए औषधी के रूप में काम करता है। पुराने समय में लहसुन का प्रयोग आयुर्वेदिक दवाओं के रूप में किया जाता था। लहसुन एंटी – वायरल, एंटी – फंगल, एंटी – ऑक्सीडेंट और एंटी – वैक्टीरियल गुणों से भरपूर होता है। इसे अंग्रेजी में Garlic कहते हैं। इसमें एलीसीन और सल्फर के गुण उपस्थित होते हैं, जिनकी उपस्थिति के कारण इसका स्वाद कड़वा होता है।

  • हृदय के लिए

लहसुन का सेवन हृदय के लिए औषधी का काम करता है। लहसुन का सेवन करने से रक्त परिसंचरण में सुधार आता है, साथ ही कोलेस्ट्रॉल भी कम होता है। रोजाना सुबह खाली पेट 1-2 लहसुन की कली का नियमित रूप से सेवन करने से हृदय स्वस्थ रहता है।  तथा हृदय के रोगों को रोकने में मदद मिलती है।

  • वजन कम करने में

लहसुन का नियमित सेवन करने से वजन को कम करने में मदद मिलती है। सुबह खाली पेट लहसुन खाने से बजन कम होता है, तथा शरीर स्वस्थ रहता है।

  • कैंसर से लड़ने में

आयुर्वेद में लहसुन का प्रयोग औषधी के रूप में किया जाता है। इसके नियमित सेवन से कैंसर जैसी खतरनाक बीमारी से लड़ने में मदद मिलती है। लहसुन में उपस्थित एलिल सल्फर यौगिक कैंसर कोशिकाओं के बढ़ने की गति को कम करते हैं।

  • गठिया के रोग में

लहसुन में उपस्थित एंटी-ऑक्सीडेंट और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण सूजन को कम करने में मदद करते हैं। लहसुन का नियमित रूप से सेवन करने से गठिया के दर्द तथा सूजन में जल्दी आराम मिलता है।

  • सर्दीखांसी में

लहसुन में एंटी – बायोटिक और एंटी – वायरल गुण होते हैं। जो सर्दी और खांसी के उपचार में लाभदायक होते हैं। लहसुन का सेवन अस्थमा के रोग में भी लाभकारी होता है।

  • दाँत के दर्द में

लहसुन के सेवन से दाँतों के दर्द में भी आराम मिलता है। लहसुन में उपस्थित एलिसिन खराब वैक्टीरिया को बढ़ने से रोकते हैं, तथा दाँतों और मसूड़ों को स्वस्थ रखने में मदद करते हैं। लहसुन में उपस्थित एंटी -वैक्टीरियल और एनाल्जेसिक गुण दाँतों के दर्द को कम करने में मदद करते हैं।

लहसुन खाने के नुकसान

लहसुन की तासीर गर्म होती है, इसलिए इसका अधिक मात्रा में सेवन स्वास्थ्य के लिए हानिकारक भी हो सकता है।

  1. पेट या पाचन सम्बन्धी समस्या होने पर लहसुन का प्रयोग डॉक्टरी परामर्श से ही करें।
  2. इसकी तासीर गर्म होती है, इसलिए गर्भवती महिलाओं को इसका सेवन नहीं करना चाहिए।
  3. लहसुन का अधिक सेवन करने से दस्त की समस्या हो सकती है।
  4. सर्जरी के बाद लहसुन का सेवन अन्य एलर्जी प्रक्रियाओं और ब्लीडिंग का कारण बन सकता है।
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